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Ayodhya Ram Mandir — Chalisa Ghar
श्री राम नवमी जन्मोत्सव — मर्यादा पुरुषोत्तम प्रभु श्री राम

श्री राम नवमी जन्मोत्सव

Dedicated to मर्यादा पुरुषोत्तम प्रभु श्री रामहिन्दी (Hindi)

॥ श्री ॥

॥ श्री राम नवमी जन्मोत्सव ॥

चैत्र मास के शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि को ठीक दोपहर १२ बजे अयोध्या धाम में मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्री राम का साक्षात प्राकट्य।


प्रभु का अलौकिक प्राकट्य

महाराज दशरथ द्वारा कराए गए पुत्रकामेष्टि यज्ञ के फलस्वरूप माता कौशल्या के गर्भ से साक्षात परमब्रह्म प्रभु श्री राम का अवतरण हुआ। गोस्वामी तुलसीदास जी ने रामचरितमानस में लिखा है:

भए प्रगट कृपाला दीनदयाला कौसल्या हितकारी।
हरषित महतारी मुनि मन हारी अद्भुत रूप बिचारी॥
लोचन अभिरामा तनु घनस्यामा निज आयुध भुज चारी।
भूषन बनमाला नयन बिसाला सोभासिंधु खरारी॥


पूजन विधि

दोपहर बारह बजे शंख और घंटों की गूंज के साथ प्रभु के बाल स्वरूप का पंचामृत से अभिषेक कराया जाता है। उन्हें सुंदर पीतांबर वस्त्र और तुलसी दल अर्पित किए जाते हैं। धनिए की पंजीरी और पंचामृत का भोग लगाकर व्रत खोला जाता है।

॥ इति श्री शुभम् ॥